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पसान के जंगल में पेड़ों की कटाई का बड़ा आरोप! साढ़ामार बांध के पास 50–60 पेड़ कटे मिलने से मचा हड़कंप….

न्यूज दस्तक 24 की खास रिपोर्ट 

पसान | कोरबा। कटघोरा वनमंडल के पसान रेंज में जंगल कटाई को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। लैंगा सर्किल के चंद्रौटी बीट स्थित साढ़ामार बांध के पास 50–60 से अधिक पेड़ों की कटाई किए जाने का आरोप ग्रामीणों ने लगाया है। ग्रामीणों का दावा है कि मौके पर कई पुराने और बड़े पेड़ कटे हुए मिले, जबकि बड़ी मात्रा में लकड़ी भी पड़ी थी।

ग्रामीणों के मुताबिक, 19 सितंबर को मशीन चलने की आवाज सुनकर वे सढ़ामार बांध की ओर पहुंचे, जहां कथित रूप से पेड़ों की कटाई का काम चल रहा था। ग्रामीणों ने दो व्यक्तियों के मौके पर मौजूद होने की बात कही। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पूछताछ के दौरान दोनों ने सढ़ामार निवासी राय सिंह के कहने पर पेड़ काटने की बात कही। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।

ग्रामीणों का कहना है कि सूचना मिलते ही वन विभाग को फोन किया गया, जिसके बाद मौके पर मौजूद लोग वहां से चले गए। शिकायत के अनुसार, घटनास्थल पर दो ट्रकों से अधिक लकड़ी पड़ी होने की बात भी सामने आई।

इसके बाद 21 सितंबर को वन विभाग के बीट गार्ड और अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण एवं पंचनामा कार्रवाई की, लेकिन ग्रामीणों का आरोप है कि इसके बाद मामले में आगे की कार्रवाई दिखाई नहीं दी।

इसी मामले को लेकर ग्राम कर्री-सढ़ामार के ग्रामीणों ने अध्यक्ष जगत पाल सिंह के नेतृत्व में वन परिक्षेत्र अधिकारी पसान को लिखित शिकायत सौंपते हुए पूरे मामले की जांच और जिम्मेदार लोगों पर नियमानुसार कार्रवाई की मांग की है।

ग्रामीणों का कहना है कि यदि जंगल में इस तरह पेड़ों की कटाई होती रही तो आने वाले समय में इसका सीधा असर वन संपदा और पर्यावरण पर पड़ेगा। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि शिकायत पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो ग्रामीण आंदोलन का रास्ता अपनाएंगे।

अब सवाल वन विभाग से—

क्या मौके पर मिले कटे पेड़ों और लकड़ी की विधिवत जांच होगी?
क्या कटाई के पीछे बताए जा रहे लोगों की भूमिका की जांच होगी?
और यदि अवैध कटाई की पुष्टि होती है, तो जिम्मेदारों पर वन कानून के तहत कब तक कार्रवाई होगी?

फिलहाल ग्रामीणों की शिकायत के बाद पूरे मामले में वन विभाग की अगली कार्रवाई पर सबकी नजरें टिकी हैं।

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